PM Modi: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि वे केवल बातें करने वाले नेता नहीं, बल्कि कर्मयोगी हैं। 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस के अवसर पर जब कर्तव्यपथ पर परेड की तैयारियां हो रही थीं, तभी पीएम मोदी ने ऐसा उदाहरण पेश किया जिसे देखकर हर भारतीय गर्व महसूस करेगा।
गणतंत्र दिवस परेड के दौरान, प्रधानमंत्री मोदी उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ का स्वागत करने के लिए सलामी मंच की ओर जा रहे थे। इसी बीच उनकी नजर कर्तव्यपथ पर पड़े कचरे पर पड़ी। बिना किसी झिझक के, उन्होंने तुरंत कचरा उठाया और उसे हटाकर यह संदेश दिया कि स्वच्छता केवल प्रचार का विषय नहीं, बल्कि हर नागरिक का कर्तव्य है।
नेतृत्व का सच्चा उदाहरण
प्रधानमंत्री मोदी ने हमेशा देशवासियों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया है। उनका मानना है कि स्वच्छता ही स्वस्थ और समर्थ भारत की नींव है। गणतंत्र दिवस के मौके पर उनका यह साधारण लेकिन प्रेरणादायक कदम पूरे देश के लिए अनुकरणीय है।
स्वच्छता अभियान को बल
यह पहली बार नहीं है जब पीएम मोदी ने सार्वजनिक स्थानों पर सफाई का उदाहरण प्रस्तुत किया हो। इससे पहले भी वे खुद झाड़ू उठाकर स्वच्छ भारत अभियान को मजबूत करते नजर आए हैं। उनका यह कदम देशवासियों को यह संदेश देता है कि स्वच्छता केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हर नागरिक का कर्तव्य है।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने आचरण से यह सिद्ध किया है कि नेतृत्व केवल आदेश देने से नहीं होता, बल्कि स्वयं उदाहरण प्रस्तुत करने से होता है। उनका यह कार्य हर भारतीय के लिए प्रेरणा है कि स्वच्छता को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं।
